देशभक्ति जनसेवा की मिसाल बन रही पुलिस की टाइगर वाहन सेवा

    सुरेन्द्र जैन धरसीवां

इन दिनों छत्तीसगढ़ पुलिस की डायल 112 ओर टाइगर वाहन सेवा न सिर्फ अपराधियो को पकड़ने में बल्कि देशभक्ति संग जनसेवा के क्षेत्र में भी नित नई मिसाल कायम कर रही है सोमबार दोपहर प्रसव पीड़ा से कराह रही गर्भवती महिला को सूचना मिलते ही तत्काल अस्पताल पहचाने लेकर निकली धरसीवां पुलिस की टाइगर वन वाहन सेवा में महिला ने स्वस्थ्य बालक को जन्म दिया।
   जानकारी के मुताबिक सांकरा निको बाजार क्षेत्र निवासी एक तीस वर्षीय गर्भवती महिला को अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी परिजनों ने सजीवनी वाहन डायल 108 व जननी के एक्सप्रेस 102 में सूचना दी उक्त इमरजेंसी  वाहन कहीं अन्य स्थानों पर इमरजेंसी सेवा में व्यस्त होने से धरसीवां पुलिस के टाइगर वन को सूचना मिली सूचना मिलते ही टाइगर वन के कर्मी कपिल चंद्रवंशी अशोक बंजारे तत्काल सांकरा पहुचे ओर प्रसव पीड़ा से पीड़ित गर्भवती को पीछे बिठाया मितानिन भी तब तक पहुच गई और टाइगर वाहन गर्भवती को लेकर सांकरा से रवाना हुआ लेकिन प्रसव पीड़ा बढ़ने से मितानिन समझ गई और चलते वाहन में ही उन्होंने किसी तरह मात्र दो लोगो के बैठने की सीट पर ही गर्भवती की डिलेवरी की महिला ने स्वस्थ्य बालक को जन्म दिया जच्चा बच्चा दोनो स्वस्थ्य इस तरह चलती टाइगर वन में बालक की किलकारियां गूंज उठी ।
  *अस्पताल ले जाकर किया भर्ती*
  धरसीवां पुलिस के चलते टाइगर वाहन में टाइगर की तरह ही स्वस्थ्य बालक के जन्म के उपरांत टाइगर वाहन सीधे धरसीवां सामुदायिक स्वस्थ्य केंद्र पहुचा जहां महिला और उसके बच्चे को एडमिट किया गया।
  *मिलना चाहिए इनाम*
देशभक्ति जनसेवा बेंसे तो पुलिस का यही काम है लेकिन बर्तमान समय मे पूरी निष्ठा और ईमानदारी से जनसेवा करने वाले बहुत कम ही पुलिस कर्मी मिलेंगे जो पुलिस विभाग का नाम गौरान्वित करने में लगे है वहीं मितानिन भी गांवो में कहीं कहीं बहुत अच्छी सेवाएं दे रही है ओर जब एक मात्र दो लोगो के बैठने की जगह में चलती जीप में कोई गर्भवती महिला की डिलेवरी हो तो यह करिश्मा ही कहलायेगा ऐंसे में जरूरी है कि ऐंसे पुलिस कर्मियों व मितानिन का उत्साह वर्धन करने उन्हे शासन प्रशासन इनाम दे।

न्यूज़ सोर्स : सुरेंद्र जैन धरसीवां