महतारी वंदन योजना से रक्षाबंधन की खुशियाँ हुईं दुगनी
रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन की महतारी वंदन योजना ने प्रदेश की लाखों महिलाओं की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव लाया है। इस योजना से मिली आर्थिक सहायता से महिलाएं न केवल अपने परिवार की जरूरतें पूरी कर रही हैं, बल्कि इस बार रक्षाबंधन का त्योहार भी पूरे उल्लास और आत्मसम्मान के साथ मना रही हैं।
बालोद जिले के ग्राम अरौद की लाभार्थी टोमिन बाई सेवता ने बताया कि महतारी वंदन योजना से प्राप्त राशि से वह अपने भाई के लिए राखी और मिठाई खरीदी हैं। उन्होंने कहा कि यह योजना उनके लिए किसी उपहार से कम नहीं है। वहीं यामिनी कोठारी ने योजना की 18वीं किस्त मिलने पर बताया कि इस बार रक्षाबंधन खास होगा, क्योंकि अब वह अपने खर्च खुद उठा पा रही हैं।
नारायणपुर जिले की श्रीमती हीरोंदी कड़ियाम, जो पहले साप्ताहिक बाजारों में लाई और चना बेचकर अपने परिवार का पालन-पोषण करती थीं, अब महतारी वंदन योजना से मिली राशि को अपने व्यवसाय में लगाकर मूंगफली, नमकीन, बिस्किट, नड्डा जैसी खाद्य पदार्थ भी बेच रही हैं। उनकी आय पहले से दोगुनी हो गई है। हीरोंदी का कहना है कि इस बार रक्षाबंधन पर अपने बच्चों और परिवार के लिए मिठाइयाँ और उपहार लेने में उन्हें कोई हिचक नहीं है।
महासमुंद की पुष्पा प्रजापति ने बताया कि पहले उन्हें हर छोटी- छोटी जरूरत के लिए पति या बेटे से पैसे मांगने पड़ते थे, लेकिन अब इस योजना की राशि से वे बच्चों की पढ़ाई का खर्च भी निकाल रही हैं और रक्षाबंधन के लिए श्रृंगार सामग्री व उपहार भी खरीद रही हैं। उन्होंने कहा कि यह योजना महिलाओं के जीवन में आत्मनिर्भरता ला रही है और स्वरोजगार से आगे बढ़ रही है।
इन सभी महिलाओं ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े को धन्यवाद देते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना सिर्फ आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि सम्मान, आत्मविश्वास और खुशियों का उत्सव है, जिनकी वजह से उनके जैसे हजारों महिलाओं का जीवन बदल रहा है।

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